The Post of 11 September 2025
ट्रम्प ने 9/9 की Qatarstrophic की सहमति देकर, यूनाईटेड स्टेट्स ऑफ अमेरिका (USA) के लिए Catastrophic (विनाशकारी) कर दिया है।
#ट्रम्प की यह Qatastrophic error इसराइल को तो कमज़ोर कर ही दिया मगर अमेरिका के भविष्य को खतरे में डाल दिया।ट्रम्प तो इस को भुगते गें ही मगर इस का असर ट्रम्प के बाद भी लम्बे वक़्त तक अमेरिका महसूस करे गा।
#यह1970s का दशक नहीं है और न यह 1990s का दशक है जब सोवियत संघ टूटा था।यह 2020s का युग है।
#चीन इस सदी मे न सिर्फ़ एकोनोमिक पावर हो गया है बल्कि मेलेट्री पावर बन कर उभरा है।चीन यह क़िस्मत (Luck) से नहीं बना है बल्कि अपनी आबादी, बुद्धिजीवियों और नेताओं की मेहनत से बना है।
#तुर्की सौ साल बाद अब फिर मेलेट्री पावर बन कर उभरा है।तु्र्की ने पहली बार अपने ड्रोन से आज़रबाइजान को 2020 मे नगोरना कारबाख क़ब्ज़ा करवाया।लिबिया में अपने ड्रोन से अमन लाया, सोमालिया में आतंकवाद ख़त्म कर मेलेट्री बेस बनाया।सीरिया में अहमद अल शारअ के लोगों को यूक्रेन में मेलेट्री ट्रेनिंग दे कर 2024 में “फ़ॉल ऑफ असद” करवाया।अब सौ साल बाद तु्र्की सीरिया में फिर फ़ौजी ट्रेनिंग शुरू कर दिया है।अमेरिका और रूस के बाद तुर्की दुनिया का तीसरा मुल्क है जिस ने एंटनी मिज़ाइल Steel Dome बना लिया।
#पाकिस्तान को 1979 के बाद 2022 में फॉल ऑफ काबूल के बाद आतंकवाद और लाखों फ़ौज के क़ुर्बानी के बाद राहत मिली है।
#Note: ट्रम्प Qatarstrophic करने के पहले चीन, तुर्की, पाकिस्तान या अफ़ग़ानिस्तान के पठान को भूल गये या बाब-अल-मंदब में हुथी या सोमालिया याद नहीं रहा।
*ट्रम्प इन सब के अलावा, यह भी भूल गये कि इस सदी में फिर रूस के पुटिन ने स्टैलिन की तरह यूरोप पर जंग थोप दिया है, जो आर्थिक तौर पर बर्बाद यूरोप के लिए अच्छा शगुन नहीं है।
*ट्रम्प के इस Qatarstrophic बलंडर का असर 4-5 साल बाद दुनिया न्यू वर्ल्ड ऑर्डर की शक्ल में देखे गी।
عجب نہیں کہ مسلمانوں کو پھر عطا کر دیں
شکوہ سنجر و فقرِ جنید و بسطامی
(اقبال)
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Some comments on the Post
Mohammed Seemab Zaman कल अमेरिका के इसराइल नवाज़ विदेश मंत्री रोबियो कतर पहुँचें गें। मगर अब मिडिल ईस्ट का अमेरिका के साथ 1945 के बाद के रिश्ता में दरार पड़ गया है जो अब कभी भी पहले जैसा नहीं होगा। रूस-यूक्रेन जंग और ट्रम्प के sanctions war ने मिडिल ईस्ट को 1973 के बाद एक फिर नई पहचान दिया है जिस का रिज़ल्ट हम लोग 3-4 साल बाद देखे गें।
हीं बन पाएंगे.
Bibhas Kumar Srivastav भारत कहाँ है?
- Mohammed Seemab Zaman शायद भारत OIC में नहीं है।
BM Prasad आमीन
- Mohammed Seemab Zaman, BM Prasad साहेब, आप ने ग़ौर किया होगा ट्रम्प 2.0 मे double messages देते हैं। हर ट्विट या बात में दो तरह की बात कहते हैं, जैसे, “इसराइल को क़तर पर बम नहीं मारना चाहिये मगर हमास आतंकवाद है ख़त्म होना ज़रूरी है”; “पुटिन लड़ाई बंद नहीं करें गा तो sanctions लगाये गें मगर ज़लेंसकी भी शरीफ़ नहीं हैं वह अपने लोगों को मरवा रहा है”
दूसरा यह White House में विदेशी नेताओं के साथ Press के सामने negotiations करते हैं और बेइज्जत करते हैं। यह समझते हैं कि यही negotiations technique जानते हैं। President Ramaposa ने इन को ठंढा कर दिया और Elon Musk से झगड़ा करवा दिया, उस के बाद बंद कर दिया।